राज्यसभा में सांसद सीमा द्विवेदी ने उठाया पुराने केंद्रीय विश्वविद्यालयों के कर्मचारियों की पेंशन नीति में व्याप्त विसंगतियों का मुद्दा ।
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Published - 17 December 2025 110 views

नई दिल्ली। राज्यसभा के विशेष सत्र के दौरान सांसद सीमा द्विवेदी ने देश के पुराने केंद्रीय विश्वविद्यालयों, विशेषकर काशी हिंदू विश्वविद्यालय (बी एच यू) के कर्मचारियों की पेंशन नीति में व्याप्त विसंगतियों का मुद्दा प्रमुखता से उठाया।
उन्होंने कहा कि पेंशन एवं पेंशनभोगी कल्याण विभाग द्वारा 3 मार्च 2023 को जारी कार्यालय ज्ञापन के तहत, 22 दिसंबर 2003 से पहले विज्ञापित पदों पर नियुक्त कर्मचारियों को पुरानी पेंशन योजना (ओ पी एस ) का विकल्प दिया गया था।
दुर्भाग्यवश यू जी सी ने इस ज्ञापन को यह कहते हुए वापस ले लिया कि यह केवल सरकारी कर्मचारियों पर लागू है। जबकि आई सी ए आर, सी एस आई आर, आई सी एम आर और ई पी एफ ओ जैसे स्वायत्त निकायों में इसे लागू किया जा चुका है, तो हमारे विश्वविद्यालयों के साथ यह भेदभाव क्यों?

सांसद ने कहा कि मैं सरकार से विनम्र अनुरोध करूंगी कि इस विषय पर पुनर्विचार किया जाए और केंद्रीय विश्वविद्यालयों के पात्र कर्मचारियों को भी पुरानी पेंशन योजना का लाभ दिया जाए, ताकि पेंशन नीति में समानता, न्याय और पारदर्शिता सुनिश्चित हो सके।
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